Friday, 18 September 2020

सीधी: जिले में मिले 19 नए कोरोना संक्रमित, 10 व्यक्तियों ने जीती कोरोना से जंग।

  • कुल संक्रमित 595
  • डिस्चार्ज 410
  • एक्टिव केस 183
  • मृत्यु 2

सीधी: जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ नागेंद्र बिहारी दुबे के द्वारा जानकारी दी गई है कि गुरुवार से अभी तक में 19 लोग पॉजिटिव पाए गए है। रैपिड एंटीजन किट  द्वारा अर्जुन नगर सीधी से एक, वर्मा कॉलोनी से एक, मलदेवा सीधी से एक, शुक्रवारी से एक, मझौली से एक, वार्ड नंबर 10 बलराम नगर से एक, नौढिया सिहावल से एक, कुल 7 कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं। तथा ट्रू नाट लैब जिला अस्पताल सीधी की जांच में वार्ड नंबर 8 जामोड़ी सीधी से एक, जमोडी थाना से एक, सलैया मझौली से एक, सीएमएचओ कार्यालय से एक मटिहारि सीधी से एक कुल 5 है।

साथ ही कल देर शाम को प्राप्त वायरोलॉजी लैब रीवा मेडिकल कॉलेज से 7 लोगों कि पॉजिटिव रिपोर्ट आई है जिसमें एक पुलिस कॉलोनी नौढिया सीधी से है, दो रामनगर सिहावल से है, दो हिनौती सीधी से एवं दो लोग पटपरा सीधी से हैं। उन्होंने बताया कि उक्त सभी पॉजिटिव केस को आइसोलेशन में रखा गया है। कॉन्टैक्ट ट्रेसिंग और कंटेन्मेंट एरिया बनाने की कार्यवाही की जा रही है। 

डी आई ओ डॉ. दुबे ने बताया कि कोरोना संक्रमण से 10 लोगों को स्वस्थ होने के बाद डिस्चार्ज किया गया है। सभी को अपने घर पर होम आइसोलेशन में एक सप्ताह  रहने के लिए समझाइश देते हुए आवश्यक दवाओं के सेवन करने के लिए दवा प्रदान की गई है तथा सभी आवश्यक सावधानियां रखने की सलाह दी गई है।

अब जिले में कुल 595 लोग कोरोना से संक्रमित हो चुके हैं। अब तक 410 व्यक्तियों को स्वस्थ होने के बाद डिस्चार्ज किया जा चुका है। अब जिले में कुल एक्टिव केस 183 हो गए हैं। अभी तक 215 कंटेनमेंट एरिया बनाए गए हैं जिसमें से 158 कंटेनमेंट एरिया से मुक्त हो चुके हैं और 57 कंटेनमेंट एरिया अभी एक्टिव है।

अजय सिंह की शुभचिंतकों से अपील, कहा- मेरे जन्मदिन पर ना करें कोई आयोजन।


भोपाल: मध्यप्रदेश विधानसभा के पूर्व नेता प्रतिपक्ष एवं कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अजय सिंह नें कोरोना महामारी को देखते हुये अपनें शुभचिंतकों से आग्रह किया है की, 23 सितंबर को उनके जन्मदिन पर कोई भी आयोजन ना करें। 



अजय सिंह नें सोशल मीडिया के माध्यम से अपनें शुभचिंतकों से आग्रह करते हुये लिखा, मेरे प्रिय आत्मीय, आप सभी जानते हैं कि इस समय मध्यप्रदेश में कोरोना महामारी का प्रकोप चरम पर है। ऐसी स्थिति में मेरा सभी शुभचिंतकों से आग्रह है कि वे 23 सितंबर को जहाँ हों वहीं रहकर अपनी शुभकामनाएं प्रेषित करके मुझे अनुगृहीत करें और मेरे जन्मदिन पर कोई आयोजन ना करें।



यह समय है जब हम सभी कोरोना  संक्रमण से बचाव के लिए स्वयं के साथ-साथ दूसरों को भी सुरक्षित रखने में जुटें। बचाव के तरीके जैसे सोशल डिस्टेंसिंग, मास्क लगाना सैनिटाइज होना, साबुन से हाथ धोना इन्हें अपने जीवन का एक अनिवार्य हिस्सा बनाएं। यही नहीं दूसरों को भी प्रेरित करें और साथ ही कोरोना वायरस से पीड़ित जरूरतमंदों की सहायता के लिए भी समाज के सभी सक्षम लोग आगे आयें। मेरे जन्मदिन पर मेरे प्रति शुभचिंतकों की यही दिली, आत्मीय और सबसे बड़ी शुभकामना होगी।




भाजपा की पूर्व विधायक पारुल साहू कांग्रेस में शामिल, सुरखी विधानसभा से हो सकती हैं प्रत्याशी।


भोपाल: मध्यप्रदेश में होनें वाले आगामी विधानसभा उपचुनावों को देखते हुये दलबदल का सिलसिला जारी है। उपचुनाव की तारीखों क ऐलान से पहले भाजपा को बड़ा झटका लगा है। भाजपा की पूर्व विधायक पारुल साहू कांग्रेस में शामिल हो गई हैं। पारुल साहू को पूर्व सीएम कमलनाथ ने सदस्यता दिलाई है। इस दौरान पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने बयान दिया कि पारुल के पिताजी मेरे पुराने साथी थे। पारुल की वापसी हुई है। पारुल साहू सागर के सुरखी विधानसभा क्षेत्र से कांग्रेस की प्रत्याशी हो सकती हैं।



दरअसल पिछले कुछ दिनों से पारुल साहू के कांग्रेस में जाने की अटकलें लगाईं जा रही थी। इस बीच गुरूवार देर रात पारुल साहू ने अपने समर्थकों के साथ पूर्व सीएम कमलनाथ से मुलाकात की थी। जिसके बाद से ये तय माना जा रहा था कि पारुल कांग्रेस का हाथ थाम सकती है।

भाजपा की पूर्व विधायक पारुल साहू ने 2013 के विधानसभा चुनाव मे कांग्रेस के गोविन्द राजपूत को पराजित किया था। जबकि पारुल ने 2013 के विधानसभा चुनाव के कुछ ही दिन पहले भाजपा की सदस्यता ग्रहण की थी।



हला की 2018 में भाजपा नें उनका टिकट काट दिया था। अब जब गोविंद सिंह राजपूत भाजपा में शामिल हो चुकें हैं और मंत्री हैं साथ ही सुरखी से भाजपा के उम्मीदवार होंगें, ऐसे में कांग्रेस नें पूर्व विधायक पारुल साहू को अपनें खेमें में लाकर एक बड़ा दांव खेला है। कांग्रेस के इस दांव ने सागर और सिंधिया के सियासी खेमे मे हलचल मचा दी है। 

Thursday, 17 September 2020

सत्ता में होता है दम, "जिस कलेक्टर को फोन करेंगे, वह सीट होगी हमारी": इमरती देवी।


भोपाल: मध्यप्रदेश में होनें वाले आगामी विधानसभा उपचुनावों को लेकर अब बयानबाज़ी तेज हो गयी है। शिवराज सरकार में
सिंधिया समर्थक मंत्री इमरती देवी का एक वीडियो सोशल मीडिया में जमकर वायरल हो रहा है। जिसमें वह ग्रामीणों को संबोधित करते हुये कह रही हैं, ‘’हम कलेक्टर को कहेंगे, तो उतनी सीटें हमें मिल जाएंगी। हला की उनके इस बयान से बीजेपी ने पल्ला झाड़ लिया है।’’ बता दें की इमरती देवी अक्सर अपने बयान को लेकर सुर्खियों में रहती हैं।



दरअसल, जो वीडियो वायरल हो रहा है, वो डबरा का बताया जा रहा है। ग्रामीणों को संबोधित करते हुए शिवराज सरकार की महिला बाल विकास मंत्री इमरती देवी ने कहा कि  हमें सरकार में रहने के लिए 8 सीटें जीतनी है। कांग्रेस को सत्ता में वापसी के लिए 27 सीटें चाहिए। वह ग्रामीणों से कह रही है कि आप बता तो दो कि सत्ता और सरकार आखें मूंदें बैठी रहेंगी और वो पूरी की पूरी जीत लेंगे।



इमरती देवी की बात सुन वहां मौजूद लोग ताली बजाने लगते हैं। उसके बाद इमरती देवी कहती हैं कि 'सत्ता और सरकार का इतना होता है कि वो कहे कलेक्टर से कि हमें ये सीट चाहिए, तो वो हमें मिल जाएगी। मंत्री जी का ये वीडियो अब सोशल मीडिया पर धड़ल्ले से वायरल हो रहा है।



गौरतलब है कि  इमरती देवी ने हाल ही में कांग्रेस छोड़ कर बीजेपी ज्वॉइन की है. अब उनके बयान को लेकर कांग्रेस ने शिवराज सरकार को घेरना शुरू कर दिया है. हालांकि  बीजेपी ने उनके बयान से पल्ला झाड़ लिया है. बीजेपी प्रवक्ता राहुल कोठारी ने कहा कि  ये इमरती देवी का निजी वक्तव्य, उन्होंने लोगों को देसी अंदाज में समझाने की कोशिश की है। उन्होंने कहा कि  कांग्रेस हमारी जासूसी करना बंद करें, बीजेपी अफसरों के दम पर चुनाव नहीं लड़ती.

Wednesday, 16 September 2020

उपचुनाव के बाद मध्यप्रदेश में फिर बनेगी कांग्रेस की सरकार: पूर्व नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह।


सीधी: मध्यप्रदेश विधानसभा के पूर्व नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह राहुल ने अपने सीधी प्रवास के दौरान अपने गृह ग्राम शिवराजपुर में आम जनता व पार्टी कार्यकर्ताओं तथा नेताओं से मुलाकात की। इस मौके पर मीडिया से मुखातिब होते हुए पूर्व नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह राहुल ने कहा कि प्रदेश में होने वाले उपचुनावों के पश्चात कांग्रेस की सरकार वापस आएगी और अधूरे पड़े काम पुनः शुरू किए जाएंगे।

श्री सिंह नें कहा की वर्तमान में ना तो प्रदेश की शिवराज सरकार और ना ही केंद्र की मोदी सरकार जनता की समस्याओं पर कोई ध्यान दे रही है। महंगाई इतनी बढ़ चुकी है कि आम आदमी का जीवन दुश्वार हो गया है। पेट्रोल-डीजल पर प्रदेश सरकार को टैक्स कम करना चाहिए लेकिन वह बढ़ता ही जा रहा है और उसकी वजह से महंगाई भी बढ़ रही है। लाखों प्रवासी मजदूर कोरोना काल में वापस अपने घरों को लौटे लेकिन उनको देखने वाला कोई नहीं है कि किस हाल में जी रहे हैं।

मीडिया द्वारा गरीब जनता को सड़ा गला अनाज वितरित किए जाने के मुद्दे पर पूर्व नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि इस मुद्दे को जब मेरे द्वारा उठाया गया और सीबीआई जांच की मांग की गई तो शिवराज सरकार उच्च स्तरीय जांच के स्थान पर खानापूरी कर रहे हैं ।अरबों रुपए का घोटाला किया गया है और दोषियों को बचाने की कोशिश की जा रही है। मीडिया के एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी में कोई असंतोष नहीं है।

श्री सिंह नें कहा की यह स्वाभाविक है कि जब चुनाव के दौरान पार्टी किसी को उम्मीदवार घोषित करती है तो उस सीट के लिए कई उम्मीदवार रहते हैं । लेकिन उम्मीदवार घोषित होने के बाद सभी मिलकर कांग्रेस पार्टी के लिए काम करते हैं। वही बीजेपी में जरूर असंतोष है। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के मंत्री ही उनकी बात नहीं सुनते हैं वहीं जो पार्टी के दो-चार बड़े नेता हैं उनमें आपसी खींचतान बनी रहती है।

इस दौरान जिला कांग्रेस कमेटी और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता गण उपस्थित रहे। प्रमुख रूप से उपस्थित कांग्रेसी नेताओं में पूर्व विधायक सुखेन्द्र सिंह बन्ना, प्रदेश कांग्रेस उपाध्यक्ष लालचंद गुप्ता, प्रदेश कांग्रेस महामंत्री ज्ञान सिंह, जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष रूद्र प्रताप सिंह बाबा, पूर्व अध्यक्ष आनंद सिंह चौहान, जिला कांग्रेस केमटी सिंगरौली अध्यक्ष शहर अरविंद सिंह, नीरज सिंह रीवा, राजेश सिंह, दयाशंकर पांडेय, कुमुदनी सिंह, रंजना मिश्रा, आंनद सिंह शेर, विनोद मिश्रा, नवीन सिंह, आदि उपस्थित रहे ।

Tuesday, 15 September 2020

MP: कांग्रेस विधायक गोवर्धन दांगी का कोरोना से निधन, दिल्ली के मेदांता हॉस्पीटल में थे भर्ती।


भोपाल: मध्यप्रदेश के राजगढ़ जिले की ब्यावरा विधानसभा से कांग्रेस विधायक गोवर्धन दांगी का कोरोना से निधन हो गया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार आज मंगलवार सुबह उपचार के दौरान उनका निधन हो गया है।बीते दिनों उनकी रिपोर्ट कोरोना पॉजिटिव आई थी। मध्यप्रदेश में होनें वाले विधानसभा उपचुनावों से पहले कांग्रेस के लिये यह बड़ा झटका है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार,  बीते दिनों राजगढ़ जिले के ब्यावरा से कांग्रेस विधायक गोवर्धन दांगी की रिपोर्ट कोरोना पॉजिटिव आई थी, जिसके बाद उन्हें भोपाल के चिरायु अस्पताल में भर्ती करवाया गया है। वही उनकी पत्नी और बेटी भी कोरोना पॉजिटिव पाए गए थे। लेकिन ब्यावरा से कांग्रेस विधायक गोवर्धन दांगी को भोपाल के चिरायु अस्पताल में  हालत में सुधार नहीं होने पर उन्हें दिल्ली के मेदांता में भर्ती करवाया गया था, जहां मंगलवार सुबह उनका निधन हो गया। 

दांगी के निधन से  पार्टी में शोक लहर दौड़ गई है। कांग्रेस समेत भाजपा के कई दिग्गज नेताओं ने दांगी के निधन पर शोक जताया है।

Thursday, 10 September 2020

वेयर हाउस मालिकों को एनपीए से बचाने, लंबित किराया तत्काल दिया जाये: अजय सिंह।


  • सुखात छूट दो प्रतिशत से बढ़ाकर छ: प्रतिशत की जाये: अजय सिंह।
  • भंडारण के कूटरचित आदेश को तत्काल निरस्त करें: अजय सिंह।

भोपाल: मध्यप्रदेश विधानसभा के पूर्व नेता प्रतिपक्ष अजयसिंह ने कहा है कि भाजपा की जो केंद्र सरकार निजी वेयर हाउस बनाने के लिए 33 प्रतिशत सब्सिडी और तीन प्रतिशत ब्याज में छूट दे रही है, उसी पार्टी की मध्यप्रदेश की शिवराज सरकार वेयर हाउस मालिकों का शोषण कर रही है। आज वे सड़क पर आने की कगार पर हैं। 

अजय सिंह ने कहा कि सरकार की षड्यंत्रकारी नीतियों और निर्देशों के कारण ग्रामीण क्षेत्रों के सभी छोटे छोटे भंडार मालिक कोरोना संक्रमण काल में पूरी तरह टूट जाएंगे। महीनों से उनका किराये का भुगतान लंबित पड़ा है। इनके गोदामों में जनवरी से हजारों क्विंटल धान रखी है। अब यह धान काफी सूख गई है और सुखात प्रतिशत पाँच से छ: तक आ गया है। लेकिन शासन ने केवल दो प्रतिशत की सुखात छूट दी है। यदि सरकार निजी वेयर हाउस मालिकों को सुखात छूट बढ़ाकर पाँच - छ: प्रतिशत नहीं देगी तो वे बंद होने की स्थिति में आ जायेंगे, वे बैंक से एन पी ए घोषित हो जाएँगे। इस संबंध में उनके संघ ने पी॰एस॰ से मिलकर शासन को ज्ञापन भी दिया है। मेरी मुख्यमंत्री शिवराजसिंह से मांग है कि कम से कम पाँच प्रतिशत सुखात छूट निजी वेयर हाउस मालिकों को दें।

श्री सिंह ने आरोप लगाया है कि वेयर हाउसिंग कार्पोरेशन के तत्कालीन एम डी अविनाश लवानिया ने विगत 25 मई को अनाज के भंडारण के लिए एक अव्यवहारिक आदेश पूरे प्रदेश के लिए जारी किया था। उन्होंने  प्राथमिकता क्रम बनाते हुये निर्देश दिये थे कि उपार्जन का अन्न पहले साइलो कैप में रखा जाये। उसके बाद सरकारी गोदामों में रखा जाये और क्षमता समाप्त होने के बाद निजी गोदामों अनाज का भंडार किया जाये। जबकि होना यह चाहिए था कि पहले सरकारी और फिर निजी गोदामों में अनाज का भंडार किया जाये और तीसरे क्रम पर साइलो कैप में अनाज रखा जाये। यह इसलिए क्योंकि साइलो कैप में खुले में रखा ऊपर का तीस प्रतिशत अनाज बरसात के समय नमी से खराब होकर सड़ जाता है।

अजय सिंह ने कहा कि यहीं से भ्रष्टाचार का खेल शुरू होता है। अनाज को पूरा खराब होना बताकर सस्ते में व्यापारियों को बेच दिया जाता है। यही अनाज प्रोसेस होकर पी डी एस के माध्यम से गरीबों में बंट जाता है। यह सब भाजपा सरकार के संरक्षण में कूटरचित योजना के तहत किया जा रहा है। पता नहीं अविनाश लवानिया ने यह दोषपूर्ण निर्देश किस मंत्री के कहने पर जारी किए थे। वैसे तथाकथित मंत्री से उनकी रिश्तेदारी जग जाहिर है।

अजय सिंह ने इस पूरे प्रकरण की जांच की मांग मुख्यमंत्री शिवराजसिंह से करते हुये कहा है कि खरीफ फसल की आवक से पहले भंडारण का यह दोषपूर्ण आदेश जनहित में तत्काल निरस्त किया जाये। साथ ही निजी भंडारगृह मालिकों को धान पर सुखात छूट पाँच या छ: प्रतिशत देते हुये उन्हें महीनों से लंबित किराए का भुगतान तत्काल किया जाये।

Latest Post

सीधी: जिले में मिले 19 नए कोरोना संक्रमित, 10 व्यक्तियों ने जीती कोरोना से जंग।

कुल संक्रमित 595 डिस्चार्ज 410 एक्टिव केस 183 मृत्यु 2 सीधी: जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ नागेंद्र बिहारी दुबे के द्वारा जानका...